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क्या आप एक करोड़पति दिवस व्यापार बन सकते हैं?

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द सूत्र के बारे में

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किसान आंदोलन

नयी दिल्ली, छह दिसंबर (भाषा) कृषि प्रौद्योगिकी कंपनी ओरिगो कमोडिटीज ने वित्तीय प्रौद्योगिकी कंपनी विवृति कैपिटल के साथ गठजोड़ किया है। इसके साथ कंपनी किसानों, कृषि कारोबारियों और किसान उत्पादक संगठनों (एफपीओ) को बिना कोई गारंटी लिये दो करोड़ रुपये तक का कर्ज देगी। ओरिगो कमोडिटीज

 Home Guard Foundation Day: झारखंड के 19 हजार जवानों में खुशी की जगह गुस्सा और आक्रोश, सुनिए उनकी बात.

दिल्ली के बाहर बॉर्डर पर आंदोलन कर रहे किसान, सितंबर में लाए गए 3 कृषि कानूनों- कृषक उपज व्यापार और वाणिज्य (संवर्धन और सरलीकरण) कानून, 2020, कृषि (सशक्तिकरण और संरक्षण) कीमत अश्वासन और कृषि सेवा करार कानून, 2020 और आवश्यक वस्तु संशोधन कानून, 2020 विरोध कर रहे हैं। सरकार का कहना है कि ये कृषि सुधार कानून हैं तो किसान इसे काला कानून कहकर आर-पार की लड़ाई पर अड़े हुए हैं। सरकार का कहना है कि सितंबर में लागू किए गए ये कानून बिचौलियों की भूमिका समाप्त करके और किसान को देश में कहीं भी फसल बेचने की अनुमति देकर कृषि क्षेत्र में बड़े सुधार करेंगे, लेकिन प्रदर्शनकारी किसानों को आशंका है कि नए कानून न्यूनतम समर्थन मूल्य और खरीदारी प्रणाली को समाप्त कर देंगे और मंडी सिस्टम को अप्रभावी बना देंगे। सरकार का कहना है कि ये कानून किसानों के भले के लिए हैं और इससे जबकि दूसरी ओर किसान इसे काला कानून बता रहे हैं और इन कानूनों को वापस लेने के मांग पर विरोध कर रहे हैं। किसान कानून वापस लेने की अपनी पुरानी मांग पर अड़े हुए हैं और उनका कहना है कि कानून वापस न लिए जाने तक वह धरना-प्रदर्शन जारी रखेंगे। दिल्ली के बॉर्डरों के बाहर पंजाब-हरियाणा से आए हजारों की संख्या में किसान इन कानूनों का विरोध कर रहे हैं। सरकान ने अपना पक्ष रखने और बीच का रास्ता निकालने के लिए किसानों के साथ कई दौर की बातचीत की है लेकिन किसान नेताओं ने साफ कर दिया है कि उन्हें ये संशोधन मंजूर नहीं है और वे लोग तीनों कानूनों वापस किए जाने तक अपनी मांगों पर डटे रहेंगे और तब तक आंदोलन वापसी का कोई सवाल ही नहीं है।

Subsidy For Farmers: धान की खेती छोड़ने पर किसानों को प्रति एकड़ 7 हजार रुपए दे रही है सरकार

धान की खेती से भूजल स्तर पर सबसे गहरा प्रभाव पड़ता है. स्थिति से निपटने के लिए हरियाणा सरकार किसानों के लिए 'मेरा पानी, मेरी विरासत योजना’ चला रही है. इस योजना क्या आप एक करोड़पति दिवस व्यापार बन सकते हैं? के तहत धान की खेती छोड़ दूसरी फसलों की खेती करने वाले किसानों को सब्सिडी दी जाती है.

Subsidy For Farmers: देश के कई राज्य इन दिनों गिरते भूजल स्तर की समस्या से जूझ रहे हैं. ऐसे में किसानों के सामने सिंचाई की गंभीर समस्या खड़ी होती दिख रही है. खरीफ फसलों की बुवाई शुरू हो चुकी की है, ऐसे में इसका भयावह रूप सामने आ सकता है. इससे निपटने के लिए कई सरकारें अपने-अपने स्तर पर प्रयास करती दिख रही हैं.

खरीफ फसलों की सिंचाईं की बेहद आवश्यकता होती है

बता दें कि खरीफ फसलों को सिंचाई की बेहद आवश्यकता पड़ती है. इसमें धान की खेती से भूजल स्तर पर सबसे गहरा प्रभाव पड़ता दिख रहा है. स्थिति से निपटने के लिए हरियाणा सरकार किसानों के लिए ‘मेरा पानी मेरी विरासत योजना’ चला रही है. इस योजना के तहत धान की खेती छोड़ दूसरी फसलों की खेती करने वाले किसानों को सब्सिडी दी जाती है.

कौन ले सकता है इस योजना का लाभ

इस योजना का वहीं किसान किसान उठा सकते हैं जो हरियाणा के मूल निवासी हो और धान और बाजरा की जगह अन्य फसलों की खेती करने जा रहे हो. इसके लिए किसानों मेरी फसल मेरा ब्यौरा पोर्टल पर जाकर किसान अनुभाग पर क्लिक कर अनुदान के लिए आवेदन करना होगा.

धान की सीधी बिजाई पर भी मिल रहा है अनुदान

आवेदन के बाद कृषि विभाग द्वारा किसानों को प्रति एकड़ के हिसाब से 7 क्या आप एक करोड़पति दिवस व्यापार बन सकते हैं? हजार रुपये उनके खाते में भेज दिया जाएगा. इस सबके अलावा क्या आप एक करोड़पति दिवस व्यापार बन सकते हैं? सिंचाई की समस्या से निपटने के लिए राज्य सरकार किसानों को धान की सीधी बिजाई पर प्रति एकड़ 4 हजार रुपये दे रही है.

270 रुपए के लॉटरी टिकट से बना करोड़पति,एंबुलेंस ड्राइवर डर के कारण पुलिस से मांगने लगा मदद

नई दिल्ली: ऊपर वाला जब देता है तो छप्पर फाड़ के देता है

नई दिल्ली:

कुछ कहावतें कहने को तो बस कह दी जाती हैं। इनका उतना अर्थ नहीं निकाला जाता। लेकिन कहावतें जब सच होती हैं तो कई लोगों की दुनिया बदल जाती है। इस बार पूर्वी बर्धमान जिले का रहने वाला एक एंबुलेंस ड्राइवर (ambulance driver) करोड़पति बन गया है। 270 रुपए की लॉटरी के टिकट ने उसे मालामाल कर दिया। इस वाकिये से वो कहावत सिद्ध हो गई…भगवान जब देता है तो छप्पर फाड़कर देता है।

दरअसल पश्चिम बंगाल (West Bengal) से यह अद्भुत मामला सामने आया है। पूर्वी बर्धमान जिले के निवासी शेख हीरा पेशे से एक एंबुलेंस ड्राइवर हैं। उनकी आर्थिक स्थिति भी कुछ खास अच्छी नहीं है। जिस वजह से वह अपनी मां का भी ढंग से इलाज नहीं करा पा रहे हैं। लेकिन अब शेख हीरा (Shekh Heera) की लॉटरी लग गई है। सिर्फ 270 रुपए के खर्चे के बाद शेख हीरा को एक करोड़ रुपए का जैकपॉट लग गया है।

उन्हें जब लॉटरी (lottery) निकलने का पता चला तो वह काफी हैरान हुए। उन्हें खुशी के साथ साथ डर भी सताने लगा। डर इस बात का कि कहीं लॉटरी का टिकट खो ना जाए। या इसकी वजह से कोई अप्रिय घटना उनके साथ ना घट जाए। इसी डर के मारे वह तुरंत शक्तिगढ़ पुलिस स्टेशन (Shaktigarh Police station) में क्या आप एक करोड़पति दिवस व्यापार बन सकते हैं? पुलिस से सलाह लेने भी गए।

उन्हें लॉटरी का टिकट खोने का डर था इसलिए पुलिस उन्हें सुरक्षित उनके घर तक लेकर आई और घर के बाहर कुछ पुलिसकर्मी तैनात कर दिए। शेख हीरा की मानें तो वह इन रुपयों से अपनी मां का इलाज कराना चाहते हैं। वह बताते हैं कि उनकी मां काफी समय से बीमार हैं। इलाज (treatment) में काफी पैसों की जरूरत थी, लेकिन पैसे न हो पाने की वजह से ठीक से इलाज नहीं हो पा रहा था।

शेख हीरा कहते हैं कि अब इन रुपयों से मैं मां का इलाज अच्छे से कराऊंगा। वह कहते हैं अब मुझे विश्वास है कि मां जल्दी ठीक हो जाएगी। बता दें कि शेख हीरा उसके बाद अपने रहने के लिए एक अच्छा सा घर (house) बनवाएंगे। शेख ने कहा कि मैं अक्सर लॉटरी टिकट खरीदता रहता था, हमेशा मैं सपना देखता था कि मेरा जैकपॉट लगेगा।

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